जयस को बदनाम करने की हो रही है साजिस, जयस किसी धर्मसमुदाय का विरोध नही करता

ज्ञात रहे छात्र संघ चुनाव एसीएस के बैनर तले लड़ा गया जयस के बैनर तले नही

धार । दैनिक अख़बार में छपे समाचार के माध्यम ज्ञात हुआ की पीजी कॉलेज में छात्र संघ चुनाव में आये निर्णय से नाराज एबीवीपी कार्यक्रताओ द्वारा कॉलेज बंद करवा कर धरना दिया जा रहा था । उसी दौरान अनिल बारिया नामक छात्र द्वारा जबरन कॉलेज के अंदर घुसने की कोशिस कर रहा था । पुलिस कर्मीयो द्वारा उसे रोकने और समझाने का प्रयास भी किया गया, लेकिन छात्र नही माना और महिला एसआई की कॉलर पकड़ ली । इस प्रकार का समाचार पढ़ने को मिला फिर जब छात्र को गिरफ्तार किया गया और उसके बैग को चेक किया गया तो उसके बैग मैं भगवान को न मानने जैसे धर्म विरोधी दस्तावेज मिले और लड़के द्वारा बताया गया वह जयस से जुड़ा है । उक्त छात्र द्वारा की गई इस हरकत का जयस कड़ी निंदा करता है । और जयस संवैधानिक अधिकारो के लिये लड़ाई लड़ता है किसी भी जाती-धर्म समुदाय का विरोध नही करता । लड़के के बैग में मिले धर्म विरोधी दस्तावेज उसका निजी मामला है, जयस के पास इस प्रकार धर्म विरोधी कोई दस्तावेज नही है । जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) सभी जाती-धर्म का सम्मान करता है । पीजी कॉलेज में प्रथम वर्ष में अध्यनरत छात्र अनिल बारिया द्वारा किया गये कृत्य के लिये वह स्वयं जिम्मेदार है, उसके साथ जयस को जबरन में न घसीटा जाये । और ज्ञात रहे अभी सम्पन्न छात्र संघ चुनाव आदिवासी छात्र संगठन के बैनर तले लड़ा गया था जयस के बैनर तले नही । बुधवार को हुए इस घटनाक्रम में यह प्रतीत हो रहा है की यह जयस को बदनाम करने की साजिस भी हो सकती है । उक्त जानकारी धार जयस मिडिया प्रभारी संजय मंडलोई द्वारा दी गई ।

धार